चार ब्राह्मणों की कहानी एक गांव में चार ब्राह्मण रहते थे। तीन ब्राह्मण हर वक्त किताबों को पढ़ते रहते थे और सारा वक्त ज्ञान अर्जित करने में लगाते थे। चौथा…
कुरआन का वास्तविक ज्ञान कादर अल्लाह यथार्थ ज्ञान बताता है। शैतान (जिसे महापुरूषों ने ‘‘काल’’ कहा है) गुप्त रहता है। गुप्त रूप से अज्ञान व ज्ञान का मिश्रण मानव को…
भक्त हरिमेधा और सुमेधा की कथा भक्त हरिमेधा और सुमेधा प्राचीन कालकी बात है - काश्मीर देशमें हरिमेधा और सुमेधा नामके दो ब्राह्मण थे, जो सदा भगवान् विष्णुके भजनमें संलग्न…
मुद्गल ऋषि की कथा दक्षिण महासागरके तटपर परम पवित्र देवीपुरके समीप फुल्लग्रामके नामसे एक तीर्थस्थान है। वहींसे प्रारम्भ करके भगवान् श्रीरामचन्द्रजीने महासागरमें सेतु बाँधा था। पूर्वकालमें वहाँ वेदोक्त मार्गपर चलनेवाले…
गोकर्ण और धुंधकारी की कथा भक्त गोकर्ण जी पूर्वकालमें दक्षिण भारतकी तुङ्गभद्रा नदीके तटपर एक सुन्दर नगरी थी । वहाँ आत्मदेव नामक एक सदाचारी विद्वान् तथा धनवान् ब्राह्मण रहता था।…
गुरुभक्त उत्तंक की कथा गुरु भक्त उपमन्यु महर्षि आयोदधौम्यके दूसरे शिष्यका नाम उपमन्यु था। गुरुने उसे गौएँ चरानेका कार्य दे रखा था । वह दिनभर जंगलोंमें गौएँ चराता, रात्रिमें गुरुगृहको…
उद्दालक मुनि की कथा । महान गुरु भक्त उद्दालक (आरुणि) गुरु भक्त आरुणि या उद्दालक गुरुर्ब्रह्मा गुरुर्विष्णुर्गुरुर्देवो महेश्वरः।गुरु: साक्षात् परं ब्रह्म तस्मै श्रीगुरवे नमः ॥ 'गुरु ही ब्रह्मा हैं, गुरु…
भक्त सखा सुदामा कृष्ण सुदामा का प्रसंग स्वर्गापवर्गयोः पुंसां रसायां भुवि सम्पदाम्।सर्वासामपि सिद्धीनां मूलं तच्चरणार्चनम्॥( श्रीमद्भा० १० । ८१ | १९) 'पुरुषके लिये स्वर्गकी, पृथ्वीकी तथा पातालकी समस्त सम्पत्ति, मोक्ष…
गुराँजी बिना कुण सूताने lyrics ( सन्त रूपाराम जी की वाणी )'गुराँजी बिना कुण सूताने जगावे।असँग जुगारो भूल्यो म्हारो मनवो फिर फिर गौता खावे।।टेर।।(1) मनखो जनम मिलियो मुश्किल से फिर…