मन रे मान गुराँसा री केणी lyrics

मन रे मान गुराँसा री केणी lyrics  (सन्त श्री ब्रह्मानंद जी की वाणी ) मन रे मान गुराँ सा री केणीआठ पहर करका काँई लपटे, पकड़ हंस की रेणी ॥…